बलिया : बलिया जिले की रसड़ा विधानसभा सीट से बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के विधायक उमाशंकर सिंह का बुधवार रात दिल्ली के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान निधन हो गया। वह 55 वर्ष के थे। उत्तर प्रदेश विधानसभा में वह बसपा के एकमात्र विधायक थे।
बसपा के आजमगढ़ एवं गोरखपुर मंडल के मुख्य संयोजक मदन राम ने बताया कि उमाशंकर सिंह ने रात करीब साढ़े आठ बजे अंतिम सांस ली। वह लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे और दिल्ली के एक निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था।
बसपा प्रमुख Mayawati ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें पार्टी का समर्पित, ईमानदार और पूरी तरह वफादार नेता बताया। उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर जारी संदेश में कहा कि सिंह का निधन पार्टी के लिए अपूरणीय क्षति है। मायावती ने उनके परिजनों एवं समर्थकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि सिंह का परिवार हमेशा से बसपा से जुड़ा रहा है। उन्होंने बताया कि इलाज के दौरान वह उनके पुत्र के लगातार संपर्क में थीं और निधन की सूचना भी उन्हें उसी से मिली। साथ ही उन्होंने परिवार को हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष Akhilesh Yadav ने भी उमाशंकर सिंह के निधन पर शोक व्यक्त किया।
मदन राम के अनुसार, उमाशंकर सिंह ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत छात्र नेता के रूप में की थी। वर्ष 1990-91 में वह बलिया के सतीश चंद्र कॉलेज छात्रसंघ के महामंत्री चुने गए थे। वर्ष 2012 में वह पहली बार रसड़ा विधानसभा क्षेत्र से विधायक निर्वाचित हुए और इसके बाद 2017 तथा 2022 में भी लगातार इसी सीट से जीत दर्ज की।
उमाशंकर सिंह अपने पीछे एक पुत्र और एक पुत्री छोड़ गए हैं।


